लखनऊ, 25 अप्रैल। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल 2026) में रविवार यानी 26 अप्रैल को लखनऊ सुपर जायंट्स और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच होने वाला मुकाबला दोनों टीमों के कप्तानों ऋषभ पंत और अजिंक्य रहाणे की अग्निपरीक्षा होगी। इस सत्र में अबतक दोनों टीमों का परफॉरमेंस उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा है। अगर इन दोनों को प्लेऑफ की दौड़ में बने रहना है तो जीत जरूरी है।
कोलकाता नाइट राइडर्स ने पिछले सत्र के निराशाजनक प्रदर्शन के बावजूद आजिंक्य रहाणे पर भरोसा जताया लेकिन इस सत्र में भी टीम लय हासिल नहीं कर सकी है। सात मैचों के बाद टीम को पहली जीत मिली वह भी रिंकू सिंह के व्यक्तिगत प्रदर्शन की बदौलत। रहाणे ने कुछ पारियां जरूर खेली हैं लेकिन टी20 के हिसाब से उनकी बल्लेबाजी में अपेक्षित तेजी की कमी साफ नजर आई है।
टीम का गेंदबाजी आक्रमण भी उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा है। वरुण चक्रवर्ती का फॉर्म अभी भी चिंता का विषय बना हुआ है जबकि तेज गेंदबाजों में निरंतरता की कमी दिखी है। इसके अलावा टीम अब तक सही संयोजन तय नहीं कर पाई है जिससे रहाणे की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
दूसरी ओर लखनऊ सुपर जायंट्स का प्रदर्शन भी निराशाजनक रहा है। ऋषभ पंत की कप्तानी में टीम ने अब तक सिर्फ दो मैच जीते हैं और लगातार हार के कारण टीम पर टूर्नामेंट से बाहर होने का खतरा मंडरा रहा है।
पंत खुद भी बल्ले से खास योगदान नहीं दे पाए हैं। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ नाबाद 67 रन की पारी के बाद उनका प्रदर्शन गिरा है और उन्होंने लगातार पारियों में रन बनाने के लिए संघर्ष किया है।
एलएसजी की सबसे बड़ी समस्या उसकी घरेलू पिच पर खराब प्रदर्शन है। एकाना स्टेडियम पर टीम लगातार मैच हार रही है और बल्लेबाज यहां की उछाल और गति के साथ तालमेल नहीं बिठा पा रहे हैं।
टीम के विदेशी खिलाड़ियों से भी अपेक्षित प्रदर्शन नहीं मिला है। निकोलस पूरन और एडेन मार्क्रम जैसे खिलाड़ी अभी तक निरंतरता नहीं दिखा पाए हैं, जिससे बल्लेबाजी कमजोर नजर आई है।
इस मुकाबले में दोनों टीमों के लिए सिर्फ जीत ही विकल्प है। जहां केकेआर को प्लेऑफ की उम्मीदें जिंदा रखने के लिए लगातार जीत की जरूरत है, वहीं एलएसजी को अपने घरेलू मैदान पर खराब रिकॉर्ड सुधारना होगा। दोनों कप्तानों के लिए यह मैच केवल दो अंक हासिल करने का नहीं, बल्कि अपनी रणनीति और नेतृत्व क्षमता साबित करने का भी बड़ा मौका होगा।