पटना, 9 जून। अखिल बिहार शतरंज संघ के तत्वावधान में पटना जिला शतरंज संघ द्वारा राजधानी के लिट्रा वैली स्कूल में आयोजित बिहार राज्य सबजूनियर शतरंज प्रतियोगिता के आठवें चक्र की समाप्ति के उपरांत बालिका वर्ग में आठ अंकों के साथ पटना की ऐशानी पाठक विजयी बढ़त लेकर शीर्ष पर चल रही है।
वहीं बालकों के वर्ग में साढ़े सात अंकों के साथ दरभंगा के जयेश मिश्रा अकेले बढ़त ले चुके हैं। उनके नजदीकी प्रतिद्वंदी एक अंकों से पिछड़कर साढ़े छह अंकों पर खेल रहे हैं। इस तरह कल यदि जयेश का मुकाबला ड्रॉ भी होता है तो खिताब जीत सकते हैं लेकिन हारने की स्थिति में कई संभावनाएं उभरती है। क्योंकि साढ़े छह अंकों के साथ प्रत्यूष, अद्विक,अर्थ एवं एकांश , चार खिलाड़ी संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर हैं और फिर इनमें से कोई भी विजेता का खिताब जीत सकता है।
सातवें चक्र के मुकाबले में शीर्ष बोर्ड पर प्रत्यूष को अद्विक के हाथों पराजय का सामना करना पड़ा। दूसरे बोर्ड पर जयेश ने अपनी बाजी प्रणीत से जीत ली। इस तरह साढ़े छह अंकों के साथ आठवें चक्र में खेलने बैठे जयेश और अद्विक की बाजी बेहद रोमांचक हुई। गुईको पियानो के इस खेल में बहुत तेजी से दोनों खिलाड़ियों ने मोहरों की अदला बदली की और मात्र 35 चालों में बोर्ड पर दोनों के पास एक एक हाथी और बहुत सारे प्यादे बचे। खेल की स्थिति काफी हद तक ड्रॉ जैसी लग रही थी लेकिन बेहद संयम से खेलते हुए जयेश ने लंबी मैराथन पारी खेलकर अंततः अद्विक को पराजित कर दिया। इस तरह साढ़े सात अंकों के साथ जयेश अकेले शीर्ष पर आ पहुंचे हैं।
वहीं दो नम्बर बोर्ड पर कांटे की टक्कर वाले मुकाबलें में बेगूसराय के अर्थ एवं पटना के एकांश की बाजी ड्रॉ में समाप्त हुई। इस तरह साढ़े छह अंकों के साथ दोनों खिलाड़ी बुधवार को सुबह पुनः खिताब के लिए अपनी जोर आजमाइश करेंगे। वहीं सुबह का मुकाबला गंवाने के बाद पीछे छूट गए प्रत्यूष ने अगले चक्र में सत्यम शर्मा को पराजित कर साढ़े छह अंकों के साथ खुद को वापस मुकाबले में स्थापित कर लिया।
वहीं बालिका वर्ग में शीर्ष पर चल रही ऐशानी ने एक बार फिर बेहतरीन खेल का प्रदर्शन करते हुए पटना की प्रतीक्षा राज को अंत के खेल में 55 चालों में बाजी छोड़ने की स्थिति में ला दिया। इस तरह आठ अंकों के साथ ऐशानी पाठक एक चक्र रहते हुए प्रतियोगिता की विजेता बन चुकी हैं।
दो नम्बर बोर्ड पर साढ़े पांच अंकों के साथ खेल रही मुजफ्फरपुर की नव्या गोयनका एवं सारण की मोहिनी पंडित के बीच सिसिलियन क्लासिकल पद्धति से बाजी की शुरुआत हुई। दोनों ओर से बेहतर और संयमित बाजी खेली गई लेकिन अंत में मोहिनी ने 52वें चाल में मात लगाकर बाजी जीत ली।
वहीं भोजपुर की अर्पिता ने तीन नम्बर बोर्ड पर सफेद मोहरों से सारण की एंजेल को पराजित कर साढ़े छह अंकों के साथ स्वयं को मोहिनी एवं प्रतीक्षा के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर काबिज कर लिया। बुधवार यानी 10 जून को अंतिम चक्र सुबह साढ़े नौ बजे से खेला जाएगा। पुरस्कार वितरण कल अपराह्न तीन बजे किया जाएगा।