राजगीर, 15 अप्रैल। बिहार के ऐतिहासिक शहर राजगीर एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन का केंद्र बनने जा रहा है। राजगीर खेल अकादमी में 16 से 21 अप्रैल तक 13वीं सीनियर नेशनल रग्बी सेवेंस चैंपियनशिप 2026 का आयोजन होगा जिसमें देशभर से सर्वश्रेष्ठ टीमें हिस्सा लेंगी।
इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में महिला वर्ग में 27 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की टीमें उतरेंगी जबकि पुरुष वर्ग में 26 टीमें खिताब के लिए संघर्ष करेंगी। खास बात यह है कि पिछले एक साल के भीतर बिहार में यह दूसरा बड़ा रग्बी आयोजन है। इससे पहले अगस्त 2025 में इसी मैदान पर एशिया रग्बी अंडर-20 सेवेंस चैंपियनशिप का सफल आयोजन किया गया था, जिसने राज्य की आयोजन क्षमता को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया।
इस चैंपियनशिप का आयोजन इंडियन रग्बी फुटबॉल यूनियन द्वारा किया जा रहा है, जिसमें बिहार सरकार का खेल विभाग, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण और रग्बी एसोसिएशन ऑफ बिहार का महत्वपूर्ण सहयोग है। यह टूर्नामेंट न केवल प्रतिस्पर्धा का मंच बनेगा, बल्कि गति, कौशल, टीमवर्क और खेल भावना का शानदार प्रदर्शन भी करेगा।
रग्बी इंडिया के अध्यक्ष राहुल बोस ने कहा कि यह प्रतियोगिता भारतीय रग्बी के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को एक मंच पर लाती है। उन्होंने राजगीर को एक सक्षम मेज़बान बताते हुए विश्वास जताया कि यह आयोजन खिलाड़ियों की गुणवत्ता और देश में रग्बी के बढ़ते प्रभाव को उजागर करेगा।
वहीं बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रवींद्रन शंकरण ने इसे राज्य के खेल विकास के लिए अहम उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष एशिया रग्बी अंडर-20 चैंपियनशिप की सफलता के बाद यह आयोजन बिहार को खेल आयोजनों के बड़े केंद्र के रूप में स्थापित करेगा।
महिला वर्ग की प्रतियोगिताएं 16 और 17 अप्रैल को खेली जाएंगी जहां गत चैंपियन बिहार अपनी खिताबी जीत को दोहराने के इरादे से मैदान में उतरेगा। 2025 में बिहार ने फाइनल में ओडिशा को हराकर अपना दूसरा राष्ट्रीय खिताब जीता था। इस बार ओडिशा बदला लेने के इरादे से उतरेगा जबकि महाराष्ट्र भी मजबूत चुनौती पेश करेगा।
पुरुष वर्ग के मुकाबले 20 और 21 अप्रैल को होंगे। गत चैंपियन पश्चिम बंगाल अपनी पहली राष्ट्रीय जीत के बाद खिताब बचाने के लक्ष्य के साथ उतरेगा। हरियाणा जो भारतीय रग्बी की सबसे सफल टीमों में गिना जाता है फिर से कड़ी चुनौती देगा। वहीं मेजबान बिहार जिसने पिछली बार कांस्य पदक जीता था घरेलू समर्थन का पूरा फायदा उठाने की कोशिश करेगा।