ह्यूस्टन, 17 जून। 1974 के बाद विश्व कप खेल रही कांगो की टीम ने यूरोप की शक्तिशाली टीमों में गिने जाने वाली पुर्तगाल और स्टार खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो को विश्व कप फुटबॉल 2026 के पहले मुकाबले में 1-1 की बराबरी पर रोक तहलका मचा दिया।
कांगो का यह दूसरा विश्व कप था। पहला विश्व कप जब कांगो ने खेला था तो उस टीम का नाम जैरे था।
एनआरजी स्टेडियम में 68, 777 दर्शकों के बीच खेले गए ग्रुप के इस मैच में अपने प्रतिद्वंद्वी टीम डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DR कांगो) के साथ 1-1 से ड्रॉ खेलने के बाद पुर्तगाल और उनके स्टार खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो निराश दिखे।
कांगो दूसरा अफ्रीका देश है जो इस विश्व कप में शानदार शुरुआत की है। इसके पहले केप वर्डे ने खिताब की प्रबल दावेदार मानी जा रही टीम स्पेन को 0-0 की बराबरी पर रोका था।
पुर्तगाल ने छह मिनट के भीतर ही बढ़त बना ली, जब पेड्रो नेटो ने जोआओ नेवेस के लिए क्रॉस दिया और उन्होंने 15 मीटर की दूरी से हेडर के जरिए गोल किया। टूर्नामेंट से पहले पसंदीदा मानी जा रही टीमों में से एक पुर्तगाल ने शानदार शुरुआत की हालांकि पूरे मैच में यह उनका एकमात्र ऐसा प्रयास था जो टारगेट पर रहा।
1974 के बाद पहली बार वर्ल्ड कप में खेल रही DR कांगो की टीम धीरे-धीरे खेल में लौटी और पहले हाफ के आखिर में एडेड टाइम के दौरान बराबरी कर ली, जब कॉर्नर किक पर योएन विसा को किसी ने मार्क नहीं किया और उन्होंने बैक पोस्ट पर हेडर से गोल कर दिया।
दूसरे हाफ में कांगो के सेड्रिक बाकम्बु का शॉट गोलपोस्ट से टकराया जबकि रोनाल्डो ने करीब से दो बार शॉट मारे लेकिन वे गोल नहीं कर पाए। वह अपना छठा वर्ल्ड कप खेल रहे थे, जो अर्जेंटीना के लियोनेल मेसी के साथ साझा किया गया एक रिकॉर्ड है।