दाम्बुला, 21 जून। बिहार के समस्तीपुर के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने इतिहास रचते हुए लिस्ट ए क्रिकेट का सबसे तेज अर्धशतक जड़ा और भारत ए को श्रीलंका ए के खिलाफ त्रिकोणीय श्रृंखला के फाइनल में 66 रन की शानदार जीत दिलाकर चैंपियन बना दिया।
महज 15 वर्षीय बाएं हाथ के बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने 29 गेंदों में 94 रन की विस्फोटक पारी खेली। उन्होंने केवल 11 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर लिस्ट ए क्रिकेट का नया विश्व रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले यह रिकॉर्ड श्रीलंका के पूर्व क्रिकेटर कौशल्य वीररत्ने के नाम था, जिन्होंने 2005 में 12 गेंदों में अर्धशतक लगाया था।
रिकॉर्ड अर्धशतक से भारत को मिली तूफानी शुरुआत
भारत ए ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 9 विकेट पर 377 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। सूर्यवंशी ने शुरुआत से ही श्रीलंकाई गेंदबाजों पर हमला बोला और मैदान के चारों ओर आकर्षक शॉट लगाए। उनकी पारी में 10 चौके और 8 छक्के शामिल रहे। उन्होंने प्रियांश आर्य (39) के साथ पहले विकेट के लिए 132 रन की साझेदारी कर भारत को मजबूत शुरुआत दिलाई।
तिलक वर्मा और मध्यक्रम ने संभाली पारी
सूर्यवंशी के आउट होने के बाद कप्तान तिलक वर्मा ने 90 गेंदों पर 67 रन की जिम्मेदार पारी खेली। ऋतुराज गायकवाड़ ने 40, कुमार कुशाग्र ने 36, अनुकूल रॉय ने 15 गेंदों में 39 और विपराज निगम ने 27 रन बनाकर टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाया।
भारतीय गेंदबाजों ने किया श्रीलंका ए का काम तमाम
378 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंका ए की टीम 47.1 ओवर में 311 रन पर सिमट गई। भारत ए की ओर से यश ठाकुर और विपराज निगम ने तीन-तीन विकेट लिए, जबकि अनुकूल रॉय ने दो विकेट चटकाए।
श्रीलंका के लिए वानुज सहान ने 62 रन, सदीरा समरविक्रमा ने 52 रन और विजयकांत वियास्कंथ ने 39 रन बनाए, लेकिन वे टीम को जीत नहीं दिला सके।
फाइनल के हीरो बने बिहार के वैभव सूर्यवंशी
फाइनल में रिकॉर्डतोड़ बल्लेबाजी करने वाले वैभव सूर्यवंशी भारत ए की जीत के सबसे बड़े नायक साबित हुए। उनकी आतिशी पारी की बदौलत भारत ए ने खिताब अपने नाम कर लिया और युवा बल्लेबाज ने एक बार फिर क्रिकेट जगत का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। 11 गेंदों में अर्धशतक और 29 गेंदों में 94 रन की यह पारी लंबे समय तक याद रखी जाएगी।