काकामिगहारा (जापान)। भारतीय जूनियर महिला हॉकी टीम ने रविवार को जूनियर महिला एशिया कप 2023 के फाइनल में कोरिया पर 2-1 की ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए पहली बार यह खिताब जीत लिया।
भारत की इस ऐतिहासिक जीत में अन्नू (22वां मिनट) और नीलम (41वां मिनट) ने एक-एक गोल का योगदान दिया। कोरिया का एकमात्र गोल सियोओन पार्क (25वां मिनट) ने किया।
साल 2012के बाद पहली बार फाइनल में पहुंचने वाली भारतीय लड़कियों ने पहले ही मिनट में एक पेनल्टी कॉर्नर अर्जित किया, लेकिन उन्हें खाता खोलने के लिये लंबा इंतज़ार करना पड़ा। पहले क्वार्टर में कोरियाई टीम ने भी दो पेनल्टी कॉर्नर अर्जित किये, लेकिन वह भी गेंद को नेट में पहुंचाने में असफल रही।
कोरिया ने दूसरे क्वार्टर की शुरुआत में दो पेनल्टी कॉर्नरों के साथ की। पहली बार नीलम ने शानदार तरीके से गेंद को रोका, जबकि दूसरे प्रयास में माधुरी ने कोरिया का खाता नहीं खुलने दिया। कोरिया को यह चूक भारी पड़ी और 21वें मिनट में मिले पेनल्टी स्ट्रोक पर गोल दागकर अन्नू ने भारत को शुरुआती बढ़त दिला दी।
भारतीय रक्षण पर लगातार दबाव बनाने का फल हालांकि कोरिया को जल्द ही मिला। मैच के 25वें मिनट में पार्क ने गोल दागकर कोरिया के लिये स्कोर बराबर कर दिया। कोरिया हाफ टाइम से पहले बढ़त भी बना सकता था लेकिन गोलकीपर माधुरी ने 30वें मिनट में गेंद को नेट तक नहीं पहुंचने दिया।
Way to go girls!
— Hardeep Singh Puri (@HardeepSPuri) June 11, 2023
India wins its maiden Women's Hockey Junior Asia Cup 2023 title!
Last few days have been spectacular for talented, confident & spirited Indian🇮🇳 champions with laurels🥇🏆 in shooting, athletics & hockey around the world!
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तीसरे क्वार्टर की शुरुआत में कोरिया की युजीन ली और नुरिम चोई को ग्रीन कार्ड देखकर दो-दो मिनट के लिये मैदान से बाहर जाना पड़ा। कोरियाई पक्ष में कम खिलाड़ी होने के कारण भारत को लय हासिल करने में मदद मिली। नुरिम के मैदान से बाहर जाने के एक मिनट बाद ही नीलम ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल करके भारत को बढ़त दिला दी।
मैच के 43वें मिनट में वैष्णवी विट्ठल फाल्के को येलो कार्ड दिखाकर फील्ड से बाहर भेजा गया। कोरिया तीसरे क्वार्टर की समाप्ति से पहले दो पेनल्टी कॉर्नर अर्जित करने के बावजूद भारतीय खेमे में एक खिलाड़ी कम होने का फायदा नहीं उठा सकी।
यह चूक कोरिया के लिये भारी साबित हुई। बढ़त मिलने के बाद भारतीय लड़कियों ने अंतिम क्वार्टर में गेंद को ज्यादा से ज्यादा अपने पास रखने पर ध्यान दिया। मैच खत्म होने से पांच मिनट पहले अन्नू को भले ही ग्रीन कार्ड दिखाया गया, लेकिन कोरियाई टीम गोल के कोई मौके नहीं बना सकी।
भारत ने 59वें मिनट में गोल का प्रयास किया जिसे कोरियाई गोलकीपर ने रोक लिया। अंततः, मैच के आखिरी मिनट में गोल करने के असफल प्रयास के साथ कोरिया 1-2 से फाइनल हार गया।




